वार्षिक राशिफल 2015

Posted by Acharya Anil Johri on January 01, 2015  /   Posted in Rashifal

नव वर्ष 2015 के शुभ आगमन पर हार्दिक शुभकामनाएं

नव वर्ष 2015 संवत् 2071,2072 आप सभी के लिए मंगलमाय सुख समृधि एवं सौभाग्य वर्धक हो एैसी प्रभु के श्री चरणों में हम कामना करते हें | पिछले वर्षों की अपेक्षा इस वर्ष आप और अधिक लाभ प्राप्त कर सकें इसलिए हम आप सभी के लिए नव वर्ष 2015 में सभी 12 राशियों का वर्षफल उपायों सहित दे रहे हें ताकि आप उपाय करके ग्रहों का अच्छे से अच्छा फल प्राप्त कर सकें और घर परिवार एवं कारोबार में सुकून हासिल कर सकें | इस वर्ष जो ग्रह आपकी राशी पर अशुभ प्रभाव डालने वाले हें उनके प्रभाव को कम करने के लिए और जो ग्रह शुभ प्रभाव डालने वालें हें उनके प्रभाव को बड़ाने के लिए उपाय लिख रहा हूं ताकि आपको ग्रहों का शुभ फल मिल सके | यह फल हम प्रचलित नाम के प्रथम अख्शर के हिसाब से दे रहे हें ताकि आपको सुविधा रहे |वर्ष 2015 के प्रथम दिन ब्रह्मांड में ग्रहो की स्तिथि इस प्रकार रहेगी |

मेष : वर्ष का प्रारम्भ आपकी राशी पर गजकेसरी योग से हो रहा है इसलिए इस वर्ष name and fame अवश्य मिलेगी | छठा राहू आपको जितेन्द्रिये बना रहा है | जितेन्द्रिय मतलब जिसको कोई न जीत सके | नौवे भाव में सूर्य और दसम भाव में उच्च का मंगल आपको इस वर्ष भूमि से लाभ प्राप्त करा रहा है | यह वर्ष आपका आर्थिक दृष्टि से बहुत अच्छा है सिर्फ आप शनि देव की ढ्हिया से गुजर रहे हैं इसलिए आपको शनि के दान अवश्य करने चाहिए |

उपाय –

  1. काले तिल व तेल का दान करें |
  2. 14 मुखी रुद्राक्ष माला सहित धारण करें |
  3. हनुमानजी की उपासना करें |
  4. शिवलिंग पर शुद अत्र चढ़ाएँ |
  5. आठ किलो काले उड़द आठ शनिवार दान करें |

वृष : यह वर्ष आपको लेखन, विज्ञापन, सम्पादन आदि कार्यों से लाभ दे सकता है | यात्रा से सम्बन्धित कार्यों में भी लाभ मिलेगा | इस वर्ष ससुराल से भी धन प्राप्ति का योग है | इस वर्ष समाज में मान सम्मान बढेगा | पार्टनरशिप से भी लाभ प्राप्त किया जा सकता है | गुप्त विद्ध्याओं को सीखने का मन बन सकता है | विदेश से भी धन प्राप्ति का अच्छा योग बन रहा है | जिन बालकों या कन्याओं की आयु 16 साल की है वो इस वर्ष किसी भी प्रकार का नशा न करें अन्यथा अगले कई वर्षों तक इसका नुकसान भोगना पड़ेगा | बच्चों के माता पिता को इस बात का विशेष ध्यान रखना पड़ेगा |

उपाय –

  1. अपने भाई एवं भाभी की सेवा करें |
  2. महमानों को भोजन के पश्चात् मीठा खिलाएं |
  3. काली गाय को चारा खिलाएं |
  4. काले चने सरसों के तेल में छोंक लगा कर शनिवार के दिन बांटें |
  5. महिलाऐं गौरी शंकर और पुरुष ग्यारह व बारह मुखी रुद्राक्ष धारण करें |

मिथुन : इस वर्ष आपको जलिय तत्वों एवं मिट्टी के कामों से लाभ मिलेगा | छठा शनि आपको जितेन्द्रिय बनायेगा | घरेलू जीवन में थोड़ी कटुता आ सकती है | सुख की हानि भी दिखाई दे रही है | शरीर में भी कष्ट की सम्भावना बन रही है | लेकिन disputed मामलों में आपको लाभ मिलता दिखाई दे रहा है | luxuries सुख सुविधायें भी इस वर्ष जरुर मिलेंगी | भाइयों का सहयोग भी मिलेगा | सिर्फ शरीर में वायु विकार बढ़ सकता है और शरीर को कष्ट हो सकता है इसका ध्यान अवश्य रखें |

उपाय –

  1. घर के बाहर गली के गड्डे मिटटी से भर दें |
  2. नारियल और बादाम जल प्रवाह करें |
  3. घर में काला कुत्ता पालें |
  4. 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करना |
  5. इस वर्ष पशुओं से सम्बन्धित कोई व्यापार न करें |

कर्क : इस वर्ष का शुभारम्भ आपकी राशी में उच्च के ब्रहस्पति के विराजमान से हुआ है | यह आपकी शिक्षा के लिए अति उत्तम है | आपके पिता श्री को भी इस वर्ष लाभ की प्राप्ति होगी | जमीन जायदाद का भी लाभ होगा | किसी से कोई सहायता भी मिल सकती है | जिनका सम्बन्ध चिकित्सा से है उनके लिए यह वर्ष सफलता दायक है | राजनीतिक लोगों के लिए भी अच्छा वर्ष है | ससुराल से भी लाभ प्राप्त होता दिखाई दे रहा है | सिर्फ शनि देव आपको पेट आदि में कष्ट दे सकते है और क़ानूनी मामलों में भी आपको सावधानी रखनी होगी अन्यथा कष्ट हो सकता है | शनि देव की शान्ति हेतु उपाय अति आवश्यक हें |

उपाय –

  1. पांच ग्राम केसर हर समय अपने पास रखें |
  2. नौ मुखी व 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करें |
  3. 108 रत्ती ओनी हर बुधवार को हरी बर्फी सहित दान करें |
  4. किन्नर को बुधवार के दिन हरी वस्तु भेंट करें |
  5. मांस मदिरा से परहेज रखना |
  6. पचास ग्राम बादाम मन्दिर ले कर जाओ पच्चिस ग्राम वहां चड़ा कर बाकी पच्चिस ग्राम घर लाकर सफ़ेद कपडे में बांध कर अलमारी में रख दो |
  7. अगर इस वर्ष सन्तान की प्राप्ति हो तो मीठे की जगह नमकीन बाँटना |

सिंह : इस वर्ष में आपकी राशी पर शनि देव की ढैय्या चल रही है | चौथा शनि कन्टक होता है कन्टक यानि कटीली राह परचलाने वाला | ग्रहस्थ सुख में कमी हो सकती है | धन का नुक्सान भी हो सकता है | शारीरिक कष्ट भी सम्भव है | इस वर्ष अगर आपकी सन्तान उत्पन हो तो मीठे की जगह नमकीन बाँटना अन्यथा कष्ट की प्राप्ति हो सकती है | जिनके विवाह इस वर्ष होंगे उनकी विवाह उपरान्त किस्मत चमकने वाली है | ससुराल से वाहन प्राप्ति हो सकती है | विदेश यात्रा का भी योग बन रहा है | किसी भी प्रकार का नशा नुकसानदायक रहेगा अतः मांस मदिरा का त्याग करें |

उपाय –

  1. केसर या हल्दी का तिलक करना |
  2. शुद्ध सोने का छला धारण करें |
  3. 400 ग्राम दूध कुएं में गिराएँ |
  4. 4 पव्वे रम जल प्रवाह करें या मजदूरों को पिलाएं |
  5. मछली व मदिरा का त्याग करें |
  6. मछली व मदिरा का त्याग करें |
  7. भोजन का पहला टुकड़ा कोवे को डालें |
  8. 11 व 12 मुखी रुद्राक्ष धारण करें |
  9. हनुमान जी की उपासना करें |
  10. शिवलिंग पर जल, दूध व शुद इत्र चढ़ाएँ |

कन्या : यह वर्ष आपके लिए जीवन की सभी सुख सुविधायें ले के आ रहा है | सरकार से मान सम्मान व धन की प्राप्ति इस वर्ष आपको होगी | मकान, वाहन का सुख भी इस वर्ष मिलेगा | भूमि के व्यापार से भी लाभ मिलेगा | ट्रांसपोर्ट के काम व विदेश के काम से लाभ प्राप्त करते हुए अपने उद्देश्य में सफलता प्राप्त करेंगे | सर्दी से होने वाले रोग या पानी से खतरा हो सकता है ध्यान रखें | इस वर्ष आपको अपने घर के मध्य में धुआं नहीं करना | बैंक की नोकरी या साहूकारी के धन्धे में लाभ होगा | व्यायाम आदि करने में मन लगेगा और फायेदा भी होगा | इस वर्ष आप दूसरों के काम बिगाड़ कर स्वयं सुख प्राप्त करने की कोशिश करेंगे |

उपाय –

  1. घर की छत पर बगेर दरवाजे के चोखट नहीं रखना |
  2. दुनियावी तीन कुत्तो की सेवा करना |
  3. वीरवार से प्रारम्भ करके चार दिन चार केले मन्दिर में भेंट करे और अगले चार दिन चार नीम्बू भेंट करें |
  4. शनिवार के दिन दूध से स्नान करें |
  5. चांदी का टुकड़ा गले में धारण करें |
  6. रुद्राक्ष माला में सुमेरु के रूप में 14 मुखी रुद्राक्ष लगवाकर धारण करें |

तुला : इस वर्ष तुला राशी के जातकों पर शनि की उतरती साढ़े सत्ती है | यह लाभदायक है लेकिन पूरा लाभ प्राप्त करने के लिए आपको नशा छोड़ना पड़ेगा अन्यथा शनि महाराज कुपित होकर नुक्सान देंगे | व्यापार नौकरी में तरक्की तो मिलेगी लेकिन दीनता भी रहेगी | इस वर्ष आपकी पत्नी का आपकी माता से कलेश हो सकता है जिसमें आपको संघर्ष झेलना पड़ सकता है लेकिन ज़मीन जायदाद का लाभ मिल सकता है | वाहन सुख भी मिलेगा | कुल मिलाकर यह वर्ष अच्छा है लेकिन इस वर्ष में अच्छा फल प्राप्त करने के लिए आपको हर प्रकार का नशा छोड़ना पड़ेगा अन्यथा शुभ फलों में कमी आयेगी |

उपाय –

  1. वर्ष भर हनुमान जी की उपासना करें |
  2. शिवलिंग पर जल चढ़ाएँ |
  3. मृतुन्जय मन्त्र का पाठ करें |
  4. 12 व 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करें |

वृश्चिक : आपकी राशी पर शनि देव विराजमान हैं अतः आप साढ़े सत्ती के प्रभाव में हैं | पेट व ह्रदय पर साढ़े सत्ती कष्ट दायक है अतः इसका उपाय अति आवश्यक है | इस वर्ष आपकी रूचि धार्मिक कार्यों में अधिक रहेगी | जौहरी सराफा के काम करने वालों को यह वर्ष लाभदायक रहेगा | लेखक, सम्पादक व मीडिया से सम्बन्धित काम करने वालों को भी यह वर्ष लाभ देगा | पेशाब, गुर्दे व पेट से सम्बन्धित रोग परेशान करेंगे ध्यान रखें | जिन जातकों की शादी इस वर्ष होगी उनको ससुराल से लाभ होता दिखाई दे रहा है |

उपाय –

  1. इस वर्ष अपना व सन्तान का जन्म दिन नहीं मनाना |
  2. वीराने में सुरमा दबाना |
  3. बन्दर की सेवा करना |
  4. 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करना |
  5. गायत्री मन्त्र का पाठ करना |
  6. नीला कपडा नहीं पहनना |

धन : धन राशी के सभी जातक चढ़ती साढ़े सत्ती के शिकार हैं | शरीर पर चढ़ती साढ़े सत्ती पैरों में वायु विकार पेद्दा करेगी | शारीरिक कष्ट का समय है | गुप्त व अध्यात्मिक विद्याओं को सीखने के लिए यह वर्ष अति उत्तम है | उच्च अधिकारीयों से लाभ प्राप्त करेंगे | लाभ कारी यात्राएं इस वर्ष आपको करने को मिलेंगी | विदेश से भी इस वर्ष लाभ मिलने के योग बन रहे हैं | यह वर्ष आपके पिता जी के लिए भी लाभकारी रहने वाला है | चाल चलन को सम्भाल के चलेंगे तो इस वर्ष अच्छे लाभ प्राप्त किये जा सकते हैं | इस वर्ष मधुमेह रोग से अपना बचाव रखें |

उपाय –

  1. गुरुवार को गणपति भगवान को केसर के चार लड्डू भेंट करें |
  2. कुल पुरोहित की सेवा करें |
  3. मांस मछली व मदिरा का प्रयोग न करें |
  4. न झूट बोलना न झूठा खाना |
  5. सुन्दर काण्ड का पाठ करना अति आवश्यक है |
  6. भगवान शिव की उपासना करें |
  7. 11 मुखी व 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करें |

मकर : जिन जातकों की आयु 28 वर्ष है उनके लिए यह वर्ष अति उत्तम है | इस वर्ष लकड़ी, मकान व मशीनरी आदि के काम करने वालों को अच्छा लाभ प्राप्त होगा | इस वर्ष विवाह हुआ तो किस्मत चमकने के पूरे पूरे योग हैं | ज्ञान प्राप्ति के लिए समय उपयुक्त है | चिकित्सा से सम्बन्धित काम करने वालों के लिए भी यह वर्ष बहुत लाभदायक है | विदेश सम्बन्धी कार्यों से भी लाभ की सम्भावना दिखाई दे रही है | लाटरी सट्टे में नुक्सान होगा ध्यान रखें | भाई बन्धुओं से विरोध हो सकता इसका भी ध्यान रखें | बाकी वर्ष मिला जुला है उपायों से इसे और अच्छा बना सकते हैं |

उपाय –

  1. शरीर पर शुद्ध सोना धारण करें |
  2. कुत्तों की सेवा करें |
  3. घर में चांदी की ईंट रखें |
  4. किसी के बारे में गलत नहीं बोलना |
  5. हनुमान जी को सिन्दूर लगाना |
  6. 10 मुखी व 11 मुखी रुद्राक्ष धारण करना |
  7. ॐ नमः शिवाय मन्त्र का पाठ करना |

कुम्भ : यह वर्ष आपको इज्जत मान दिलाने वाला और शत्रुओं पर विजय दिलाने वाला है | इस वर्ष आपको सन्तान सुख मिलेगा | आपके मामा, ताया, चाचा भी लाभ में रहेंगे | इस वर्ष आपकी इच्छाएँ भी ऊँची रहेंगी | गुप्त व अध्यात्मिक विद्याओं को जानने के लिए यह वर्ष अच्छा है | मीठी चीजों का व्यापार करने वाले जातकों को बहुत लाभ रहेगा | स्त्री पक्ष से भी लाभ मिलेगा लेकिन कर्म स्थान में शनि महाराज चल रहे हैं | अगर किसी भी प्रकार का नशा किया तो सभी शुभ फल अशुभ होते चलें जायेंगे | ध्यान भी रखें और उपाय भी अवश्य करें |

उपाय –

  1. गुरुवार को पीले लड्डू मन्दिर में चढ़ाएँ |
  2. ब्राह्मण को आदर सहित पीला वस्त्र भेंट करें |
  3. अपने पास कोई भी हथियार न रखें |
  4. मछली व मदिरा का त्याग करें |
  5. चांदी का चौरस टुकड़ा अपने पास रखे |
  6. 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करें |

मीन : यह वर्ष आपके ससुराल व परिवार के लिए इतना अच्छा नहीं है | ग्रहस्थ जीवन में थोड़ी टेन्शन रहेगी ध्यान रखें | इस वर्ष आपकी नजर कमज़ोर हो सकती है | पूजा पाठ में मन कम लगेगा | मांस मदिरा का शौक लगेगा लेकिन धन भी इस वर्ष खूब आयेगा | लोहे लकड़ी वालों को कम लेकिन सफेद वस्तुओ के काम करने वालों को अधिक फायदा होगा | इस वर्ष जो लोग राजनीति में हैं उनकों भी लाभ मिलेगा और सरकार से भी लाभ की प्राप्ति सम्भव है | मिला जुला वर्ष है उपाय करने से अधिक लाभ प्राप्त किया जा सकता है |

उपाय –

  1. इस वर्ष घर में मणि प्लांट न लगायें |
  2. अपने सर को ढक के रखें |
  3. घर में कलेजी लगवाएँ |
  4. माथे पर केसर का तिलक लगायें |
  5. घर की छत्त को बिलकुल साफ़ रखें |
  6. 8,9 एवं 10 मुखी रुद्राक्ष धारण करें |
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Acharya Anil Johri

Astrologer & Gem Therepist at Rudra Gems
World renowned Astrologer and Gem Therapist. I don't guide people for money only, Astrology is a vast science and I want to use it for the welfare of whole mankind.

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One Comment

  1. ASHWANI VERMA February 21, 2015 9:47 pm / Reply

    Gud Astroljar

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